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ब्लॉग्स (11)
क्या आप जानते हैं? लाक्षागृह क्या था?लाक्षागृह की चर्चा महाभारत में हुई है। यह एक भवन था जिसे दुर्योधन ने साजिश के तहत पांडवों के ठहरने के लिए बनाया था। इसे लाख से निर्मित किया गया था ताकि पांडव जब इस घर में रहने आएं तो चुपके से इसमें आग लगा कर उन्हें ... आगे पढ़ें...

चाँदनी रात के हमसफ़र खो गये चाँदनी रात मेंबात करते हुए रह गये, क्या हुआ बात ही बात मेंज़िन्दगी भी तमाशाई है, हम रहे सोचते सिर्फ़ हमदेखती एक मेला रही, हाथ अपना दिये हाथ मेंजिनका दावा था वो भूल कर भी न लौटेंगे इस राह परयाद आई हमारी लगा आज फिर उनको बरसात ... आगे पढ़ें...

लता : चुप-चुप खड़े हो जरूर कोई बात है-(2)लता और प्रेमलता : पहली मुलाकात हैये पहली मुलाकात हैचुप-चुप खड़े हो...(2) / पहली मुलाकात है ये...(2)पहली मुलाकात है ये पहली मुलाकात है।लता : साजन की बात पर गुस्सा जो आ गयाजुल्फों का बादल गालों पे छा गया, हो, गालों पे ... आगे पढ़ें...

जीना यहाँ मरना यहाँ, इसके सिवा जाना कहाँ जीना यहाँ मरना यहाँ, इसके सिवा जाना कहाँ जी चाहे जब हमको आवाज दो, हम हैं वहीं हम थे जहाँ अपने यहीं दोनों जहाँ, इसके सिवा जाना कहाँये मेरे गीत जीवन-संगीत कल भी कोई दोहराएगा ये मेरे गीत जीवन-संगीत कल भी कोई दोहराएगा ... आगे पढ़ें...

जीना यहाँ मरना यहाँ, इसके सिवा जाना कहाँ जीना यहाँ मरना यहाँ, इसके सिवा जाना कहाँ जी चाहे जब हमको आवाज दो, हम हैं वहीं हम थे जहाँ अपने यहीं दोनों जहाँ, इसके सिवा जाना कहाँये मेरे गीत जीवन-संगीत कल भी कोई दोहराएगा ये मेरे गीत जीवन-संगीत कल भी कोई दोहराएगा ... आगे पढ़ें...

चली गोरी पी से मिलन को चली- नैना बावरिया, मन में सांवरिया, चली गोरी पी से.... डार के कजरा, लट बिखराके, ढलते दिन को रात बनाके, कंगना खनकाती, बिंदिया चमकाती, छमछम डोले, सजना की गली, चली गोरी पी से.... कोमल तन है सौ बल खाया, हो गई बैरन अपनी ही छाया घूंघट ... आगे पढ़ें...

जीवन की आपाधापी में कब वक़्त मिलाकुछ देर कहीं पर बैठ कभी यह सोच सकूँजो किया, कहा, माना उसमें क्या बुरा भला।जिस दिन मेरी चेतना जगी मैंने देखामैं खड़ा हुआ हूँ इस दुनिया के मेले में,हर एक यहाँ पर एक भुलाने में भूलाहर एक लगा है अपनी अपनी दे-ले मेंकुछ देर रहा ... आगे पढ़ें...

आप सभी कि लिऐ संजय द्वारा निर्मित --- हम भी है रंग मे -- दुश्मनो के होसले पश्त -- हमसे जो टकराऐगा माटी मे मिल जाऐगा -- हम भी है होश मे ... आगे पढ़ें...


लंदन : तनाव, अवसाद और अपनी समस्याओं के बारे में बात नहीं कर पाने के कारण ब्रिटिश पुरुषों में सेक्स के प्रति रूचि लगातार घट रही है। आपसी संबंधों को लेकर काउंसलिंग सेवा मुहैया कराने वाली संस्था रिलेट के एक दल ने अध्ययन के बाद पाया कि ब्रिटेन में 40 फीसदी ... आगे पढ़ें...